बुरहानपुर (अकील ए आजाद) स्वच्छता सर्वेक्षण 2025 के लिए भारत सरकार की ओर से नियमों में परिवर्तन करते हुए अब स्वच्छता से संबंधित दस्तावेजों का भौतिक सत्यापन भी सर्वे टीम के द्वारा किया जाएगा दस्तावेज और मौका मुआयना में फर्क पाया गया तो माइनस मार्किंग होकर नंबर भी कट जाएंगे। स्वच्छता सर्वेक्षण 2025 के लिए निगम सर्वे की जमीनी तैयारी में लग गया है, जिस के तहत शहर के इकलौते कमल टॉकीज स्थित सुविधा घर का — उद्धार किया जा रहा है सर्वे में हर वर्ष नगर निगम इसी सुविधा घर का रंग रोगन कर सुंदर बनाकर अंक लेने की कोशिश करता रहा है जबकि इस सुविधा घर की हकीकत यह है कि इसका मूत्र पड़ोस की स्कूल परिसर में जमा होकर बदबू और गंदगी उत्पन्न करता है जिसकी शिकायत स्कूल प्रबंधन अनेक बार नगर निगम को कर चुका है परंतु यहां कोई सुधार नहीं किया गया है अब जबकि स्वच्छता का सर्वेक्षण होना है ऐसे में नगर निगम ने फिर इस सुविधा घर की सुध लेकर रंग रोगन का कार्य किया जा रहा है। स्वच्छता सर्वेक्षण के नाम पर निगम लाखों खर्च करता है परंतु इसके बाद भी रैंकिंग में पर्याप्त अंक नहीं ला पाता है शहर के अनेक भाग गंदगी की चपेट में है गली मोहल्ले में गंदगी का अंबार है शहर के भीतरी भाग में नालियों की सफाई और दलेल हफ्तों नहीं होती सर्वे के नाम पर कुछ मार्गों पर सफाई कर रैंकिंग में नाम कमाना चाहता है परंतु शहर के भीतरी भाग में गंदगी का अंबार है, नए नियमों के तहत नगर निगम स्वच्छता से संबंधित जो भी दस्तावेज पेश करेगा सर्वे टीम इसके विपरीत उन दस्तावेजों का भौतिक सर्वेक्षण कर प्रमाणिता को परखेगी यदि दस्तावेज और स्थल निरीक्षण पर कुछ अलग पाया गया तो ऐसे में निगम के नंबर कट जाएंगे।