बुरहानपुर (अकील ए आज़ाद) फाज़ली वेलफेयर सोसाइटी के तत्वावधान में अंसार इफ्तिखार उर्दू उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, बुरहानपुर में सर सैयद दिवस एवं काव्योत्सव का आयोजन किया गया। सर सैयद दिवस के अवसर पर उर्दू प्राध्यापक डॉ. इसरारुल्लाह अंसारी, डॉ. वसीम इफ्तिखार और डॉ. शहज़ाद अंजुम ने सर सैयद अहमद ख़ान की शैक्षिक, साहित्यिक एवं सामाजिक सेवाओं, अलीगढ़ स्कूल एवं अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के प्रयासों, अलीगढ़ आंदोलन, साइंटिफिक सोसाइटी के साथ-साथ सर सैयद की साहित्यिक एवं सामाजिक सेवाओं आदि की गहन समीक्षा की। डॉ. इसरारुल्लाह अंसारी ने सर सैयद की महत्वपूर्ण कृतियों अथ-ए-सनादीद, असाब-ए-भुट्टो हिंद और सरकशी आदि पर अपने विचार व्यक्त किए। इस विशेष समागम की अध्यक्षता बुरहानपुर शहर के उर्दू मीडियम स्कूल के शिक्षक अल्हाज मास्टर फजलुर्रहमान साहब ने की, जबकि मास्टर मुहम्मद हमीदुल्लाह अंसारी ने ऑनलाइन तकनीशियन का कार्यभार संभाला। संचालन शरर आसिफी, वकार आसिफी और जावेद राणा ने किया। समागम की शुरुआत नौ वर्षीय शायर शकील एजाज द्वारा पवित्र कुरान की तिलावत से हुई। विशिष्ट अतिथियों में इमरान अहमद उर्दू उच्चतर माध्यमिक अब्दुल वहीद बाबू काका, रईस अंसारी, इकबाल अंसारी इकबाल क़ोसिन, हाजी अतहर और व्याख्याता मनाल अंसारी आदि शामिल हुए और समागम को सफल बनाया। समागम में पुराने ज़माने के शायर अब्दुल लतीफ़ शाहिद, जमील असगर और वली शमीमी ने अपनी शायरी से श्रोताओं का मनोरंजन किया
इन के अलावा, जिन कवियों ने काव्य समारोह में भाग लिया और अपनी कविताओं से श्रोताओं का मनोरंजन किया, उन में जमील अलमास (मालेगांव), डॉ. आरिफ अंसारी, अल्ताफ अनवर, अहमद जमील, जावेद राणा, शरर आसिफी, वकार आसिफी, डॉ. शहजाद अंजुम, बुरहान तनवीर, नईम ताज, कय्यूम अफसर, इमरान शाहिदी और शकील एजाज के साथ हास्य कवि वाहिद अंसारी और फ़रीद झुंझट ने अपने चुटकुलों से समारोह को खूब हँसाया। सर सैयद दिवस के नाम पर आयोजित दोनों कार्यक्रम शरर आसिफी के धन्यवाद ज्ञापन के साथ संपन्न हुए।










